30 अक्टूबर को एक वाईएसएस संन्यासी द्वारा परमहंस योगानन्दजी की “आदर्श-जीवन” की शिक्षाओं पर आधारित प्रेरणाप्रद सत्संग (हिंदी में) दिया गया। सत्संग का विषय था “वैज्ञानिक विधि से धर्म का पालन।”